जयपुर/उदयपुर/डूंगरपुर/बांसवाड़ा/भीलवाड़ा.फेसबुक पर कुरान और मक्का के आपत्तिजनक चित्रों से आक्रोशित अल्पसंख्यक युवाओं ने मंगलवार को उदयपुर में जुलूस के दौरान उपद्रव किया। दुकानों में तोड़फोड़ की गई। इन्हें काबू करने के लिए पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा। शाम तक हालात लगभग सामान्य हो गए थे। ये युवक भाजपा नेता और अंजुमन के सेक्रेटरी फारुख हुसैन को बिना शर्त रिहा करने की मांग कर रहे थे। पुलिस ने फारुख को शांति भंग की आशंका में गिरफ्तार किया था। इसी घटना के सिलसिले में बांसवाड़ा में मौन जुलूस निकाला गया, जबकि भीलवाड़ा में कलेक्ट्रेट के बाहर प्रदर्शन किया गया। उधर, डूंगरपुर में समुदाय विशेष की ओर से सोमवार को निकाले गए जुलूस के दौरान तोड़फोड़ की घटनाओं के विरोध में शहर के बाजार बंद रहे। उदयपुर में बीती रात हाथीपोल क्षेत्र में इसी मामले को लेकर एक दुकान पर पथराव किया गया था। पुलिस ने ऐसा करने वाले युवाओं का नेतृत्व करने के आरोप में फारुख हुसैन को मंगलवार को हिरासत में लिया था। इसके बाद हाथीपोल थाने के बाहर लोगों की भीड़ जमा हो गई और फारुख को बिना शर्त रिहा करने की मांग करने लगी। रिहाई नहीं होने पर कुछ युवाओं ने चेतक सर्किल पर तोड़फोड़ कर दी। बाद में फारुख की रिहाई कर दी गई। लौटते वक्त आक्रोशित युवाओं ने हाथीपोल, अश्विनी बाजार और तीन खंभा क्षेत्र की दुकानों में तोड़फोड़ की। पुलिस ने इन्हें नियंत्रित करने का प्रयास किया तो पुलिस पर भी पथराव किया गया। बांसवाड़ा में मुस्लिम और दाउदी बोहरा समाज के लोगों ने मौन जुलूस निकाला। बाद में अंजुमन सदर हुसैन खां के नेतृत्व में जिला कलेक्टर और एसपी को ज्ञापन सौंपा। डूंगरपुर में चैंबर्स ऑफ कॉमर्स के आह्वान पर दिनभर बंद रहा। शहर के लोगों ने बंद को स्वत: ही समर्थन दिया। चैंबर्स ऑफ कॉमर्स ने बंद का आह्वान सोमवार को एक समुदाय विशेष की ओर से निकाले गए जुलूस के दौरान दुकानों में तोड़फोड़, मारपीट और लूट की घटनाओं के विरोध में किया गया था। व्यापारियों ने दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की है। भीलवाड़ा में मुस्लिम समाज के लोगों ने दोपहर तीन बजे कलेक्ट्रेट के बाहर प्रदर्शन किया। इस दौरान यहां हुई सभा को इमाम मौलाना दिलदार रजा और एडवोकेट मोहम्मद शरीफ पठान ने संबोधित किया। कलेक्टर को मुख्यमंत्री के नाम दिए गए ज्ञापन मे सरवाड़ (अजमेर), गोपालगढ़ (भरतपुर) की घटनाओं पर चिंता जाहिर करते हुए सभी घटनाओं के आरोपियों को 48 घंटे में गिरफ्तार करने की मांग की गई है। बाजार, स्कूल और कार्यालय बंद इस बीच उदयपुर में अफवाहों का दौर शुरू हो गया। बाजार बंद हो गए। स्कूलों और कुछ कार्यालयों में छुट्टी कर दी गई। दोपहर बाद हालात सामान्य होने लगे। शाम को बंद दुकानें खुल गई थीं। पुलिस ने धारा 144 का उल्लंघन करने पर तीन जनों को गिरफ्तार कर लिया। सरकार सुरक्षा में विफल : मुस्लिम फोरम राजस्थान मुस्लिम फोरम के प्रवक्ता सलीम इंजीनियर ने डूंगरपुर, उदयपुर की घटनाओं पर चिंता जाहिर की। उन्होंने कहा कि राजस्थान की सरकार कमजोर लोगों की सुरक्षा करने में विफल रही है।इन सभी घटनाओं को लेकर मुस्लिम फोरम बुधवार को अपनी रणनीति का खुलासा करेगी। कायम रखें अमन चैन : माहौल बिगड़ने से होगा शहर को नुकसान सोशल नेटवर्किग साइट फेसबुक पर आपत्तिजनक चित्र अपलोड करने वाले लोग धार्मिक भावना भड़काने के अपने मकसद में कामयाब होते दिखाई दे रहे हैं। उनके इन नापाक मंसूबों ने शहर के युवाओं को जकड़ लिया है। तोडफ़ोड़ और पथराव कर हम ऐसे आरोपियों को जेल नहीं पहुंचा सकेंगे, बल्कि हम अपने लिए जेल की राह तय कर लेंगे। पिछले दो दिनों में हुए घटनाक्रम से आमजनों को परेशानी उठानी पड़ी है। शहर विधायक गुलाबचंद कटारिया ने बताया कि जिसने भी यह काम किया, उसका मकसद अमन-चैन बिगाड़ना रहा है। अपराधी का पता नहीं लगने तक इस तरह का वातावरण बनाना जरा भी समझदारी नहीं है। ऐसा करने से अपराधी नहीं पकड़े जाएंगे बल्कि कानून हाथ मे लेने वालों को खुद जेल जाना पड़ सकता है। एएसपी तेजराज सिंह का कहना है कि लोगों को पुलिस की मदद करनी चाहिए न कि कानून हाथ में लेना चाहिए। कुछ युवा उपद्रव कर खुद आरोपी बन रहे हैं। सिटी मजिस्ट्रेट एमएल चौहान का मानना है कि लोगों की धार्मिक भावना भड़काने के लिए आपत्तिजनक चित्र अपलोड करने वाले उदयपुर के नहीं हैं। ऐसे में हमें संयम बरतना चाहिए। अंजुमन के सदर शराफत खान ने सभी लोगों से शांति की अपील करते हुए कहा कि पुलिस ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए पूरी कोशिश कर रही है। इस प्रकार के संवेदनशील मामले में हमें संयम बरतना चाहिए। पूर्व पार्षद रियाज मोहम्मद ने बताया कि आपत्तिजनक चित्र डालने वाला उदयपुर का कोई व्यक्ति नहीं है, फिर हमें आंदोलन करने की बजाय पुलिस और प्रशासन की मदद करनी चाहिए। ताकि आरोपी पकड़े जा सके। ऐसा करने से हमारे शहर में ही नहीं बल्कि पूरे राज्य और देश में शांति कायम रखने में हमारी भूमिका रहेगी। पुलिस ने की बाजार खोलने की अपील हाथीपोल इलाके में उग्र भीड़ द्वारा पथराव और पुलिस के बल प्रयोग के बाद क्षेत्र में तनाव फैल गया और बाजार बंद कर दिए गए। मौके पर पहुंचे एसपी के आदेश पर यातायात शाखा प्रभारी नारायण सिंह ने बाजार में जिप्सी में घूमकर माइक पर एनाउंस किया कि शहर में धारा 144 लागू है। इसका उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही माइक से व्यापारियों को अपने प्रतिष्ठान खोलने का आश्वासन दिया। लेकिन इसके बावजूद व्यापारियों में भय के कारण दुकान नहीं खोली। दोपहर दो बजे एक-एक व्यापारी ने दुकान खोलना शुरू किया। धारा 144 के उल्लंघन में 5 गिरफ्तार सिलावटवाड़ी में पथराव करने पर हाथीपोल पुलिस ने सिलावटवाड़ी निवासी फिरोज पुत्र इकबाल, जाकिर पुत्र याकूब व अनीस पुत्र शौकत अली को गिरफ्तार किया है। इसके साथ सूरजपोल पुलिस ने किशनपोल इलाके में दुकानें बंद कराने का प्रयास करते और लोगों को धमकाते किशनपोल, गोसिया कॉलोनी निवासी रईस पुत्र अब्दुल रहमान, इसके भाई साजिद उर्फ बाबू को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने पांचों आरोपियों को धारा 144 के उल्लंघन में गिरफ्तार किया है। शहर में सोमवार शाम से निषेधाज्ञा प्रभावी हो गई थी। व्यापारियों से समझाइश चैंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष पारस सिंघवी के नेतृत्व में पूरी कार्यकारिणी अश्विनी बाजर पहुंच गई। शहर विधायक गुलाबचंद कटारिया भी वहां पहुंचे। कटारिया ने व्यापारियों से समझाइश की और व्यापारियों से दुकानें खोलने की अपील की। चैंबर ऑफ कामर्स की आपात बैठक अश्विनी बाजार में हुई। बैठक के बाद सभी लोग कलेक्ट्री पहुंचे, जहां आईजी गोविंद गुप्ता, एसपी आलोक वशिष्ठ के समक्ष व्यापारियों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठाए गए। अधिकारियों ने व्यापारियों की सुरक्षा के लिए पुख्ता इंतजाम करने का आश्वासन दिया। शाम चार बजे अश्वनी बाजार में दुकानें खुल गईं। कहां कैसा माहौल हाथीपोल अंदर, मालदास स्ट्रीट, मोती चौहट्टा, बड़ा बाजार, घंटाघर, जगदीश चौक, चांदपोल, जाटवाड़ी, सिलावटवाड़ी, अश्विनी बाजार, बस्तीरामजी की बाड़ी, चमनपुरा, चेतक सर्कल के बाजार बंद हो गए। शाम को दुकानें तो खुली, लेकिन बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा। खांजीपीर में कुछ युवकों ने दुकानें बंद कराने का प्रयास किया, पुलिस कर्मियों ने उन्हें खदेड़ दिया। सवीना में भी हालात बिगड़ने की स्थिति उत्पन्न हुई थी जिसे पुलिसकर्मियों ने संभाल लिया। स्कूल के बाहर अभिभावक > हाथीपोल क्षेत्र में माहौल बिगड़ने पर ज्यादातर स्कूलों के बाहर अभिभावकों की भीड़ लग गई है। अभिभावकों की सहमति के बाद ही स्कूल संचालकों ने बच्चों को रोज स्कूल ले जाने वाले ऑटो चालकों को भी तभी बच्चों को सुपुर्द किया। यहां बनी टकराव की स्थिति > समुदाय विशेष के लोग तोड़फोड़ करते हुए हरवेनजी का खुर्रा पहुंचे तब मोती चौहट्टा क्षेत्र के दूसरे समुदाय के लोग भी आक्रोशित हो गए। दोनों पक्षों में आमने-सामने होने की आशंका बन गई। इस दौरान घंटाघर एसएचओ हरेंद्रसिंह और धानमंडी एसएचओ राजेश शर्मा ने बीच में आकर माहौल को संभाला। मीडियाकर्मी से हाथापाई > चेतक सर्कल पर हंगामे के दौरान समुदाय विशेष के युवकों ने मीडियाकर्मी पूरण सिंह से हाथापाई कर दी और कैमरा छीनने का प्रयास किया। पुलिस बल तैनात > शहर में सुरक्षा के मद्देनजर सुरक्षा प्रबंध चाक-चौबंद कर दिए गए हैं। इसके लिए आरएसी और एमबीसी की 6 टुकड़ियां को शहर के संवेदनशील इलाकों में तैनात किया गया है। इसके साथ ही शांति बहाली को लेकर कलेक्टर हेमंत गेरा, आईजी गोविंद गुप्ता, एसपी आलोक वशिष्ठ, एएसपी सिटी तेजराज सिंह व एएसपी ग्रामीण सुधीर जोशी सहित अन्य पुलिस अधिकारियों की हिंदू और मुस्लिम समुदाय के प्रबुद्धजनों के साथ शांति समिति की बैठक हुई।
